बिहार पौधा संरक्षण उपादान वितरण योजना में कीट नियंत्रण ट्रैप पर 75 प्रतिशत अनुदान पाएं
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फसलों को कीटों से बचाने और खेती की लागत घटाने की नई सरकारी पहल
किसानों के लिए फसल सुरक्षा हमेशा से एक बड़ी चुनौती रही है जिसमें रासायनिक दवाओं का भारी खर्च भी जुड़ा रहता है। इसी समस्या को दूर करने के लिए बिहार सरकार के कृषि विभाग ने पौधा संरक्षण उपादान वितरण योजना 2026 27 शुरू की है।
इस योजना के तहत किसानों को महंगे रासायनिक छिड़काव से मुक्ति दिलाने और जैविक तरीकों को बढ़ावा देने के लिए फेरोमोन स्टिकी और फ्रूट फ्लाई ट्रैप पर 75 प्रतिशत तक भारी सब्सिडी दी जा रही है। आइए जानते हैं कि इस योजना का लाभ लेकर आप अपनी फसल की सुरक्षा कैसे कर सकते हैं।
Key Highlights
| मुख्य बिंदु | विवरण |
| योजना का नाम | पौधा संरक्षण से संबंधित उपादान वितरण योजना 2026 27 |
| संबंधित विभाग | कृषि विभाग बिहार सरकार |
| अधिकतम अनुदान | 75 प्रतिशत तक की वित्तीय सहायता |
| लाभार्थी सीमा | सामान्य क्षेत्र में अधिकतम 5 एकड़ और टाल क्षेत्र में 10 एकड़ |
| आवेदन का माध्यम | प्रत्यक्ष लाभ अंतरण यानी डीबीटी कृषि पोर्टल पर ऑनलाइन |
कीट नियंत्रण ट्रैप और मिलने वाले अनुदान की पूरी जानकारी
राज्य सरकार की इस योजना में अलग अलग फसलों और उनमें लगने वाले हानिकारक कीटों के अनुसार विशेष ट्रैप की व्यवस्था की गई है। फेरोमोन ट्रैप से तना छेदक और फॉल आर्मीवर्म जैसे कीटों को बिना किसी जहरीले रसायन के आसानी से नियंत्रित किया जा सकता है।
धान मक्का टमाटर बैंगन सब्जियों और फलदार वृक्षों के लिए फेरोमोन ट्रैप स्टिकी ट्रैप और फ्रूट फ्लाई ट्रैप पर भारी छूट मिल रही है। किसान भाई प्रति एकड़ निर्धारित सेट के अनुसार 360 रुपये से लेकर 925 रुपये प्रति एकड़ तक की बचत कर सकते हैं।
सामान्य और टाल क्षेत्र के लिए निर्धारित भूमि सीमा का नियम
कृषि विभाग ने इस योजना का लाभ हर वर्ग के काश्तकारों तक समान रूप से पहुंचाने के लिए भूमि के प्रकार के आधार पर स्पष्ट दिशा निर्देश तय किए हैं। सामान्य मैदानी इलाके के कृषक अपनी 5 एकड़ तक की कृषि भूमि के लिए इस योजना में आवेदन दर्ज कर सकते हैं।
वहीं दूसरी ओर जलभराव और विशेष भौगोलिक स्थिति वाले टाल क्षेत्रों के किसानों को अधिक राहत देते हुए अधिकतम 10 एकड़ तक अनुदान का प्रावधान रखा गया है। इससे छोटे और बड़े दोनों तरह के किसान कम लागत में अपनी पूरी खेती को सुरक्षित रख सकेंगे।
How To Apply Online डीबीटी पोर्टल पर आवेदन करने का सबसे सरल तरीका
इस योजना का लाभ उठाने के लिए सबसे पहले किसान भाई कृषि विभाग के आधिकारिक प्रत्यक्ष लाभ अंतरण पोर्टल पर जाएं। यदि आपका पंजीकरण पहले से है तो अपना 13 अंकों का किसान पंजीकरण नंबर दर्ज करके लॉगिन कर लें।
इसके बाद पौधा संरक्षण उपादान वितरण योजना 2026 27 के विकल्प का चयन करें। अपनी फसल के प्रकार और भूमि रकबे के अनुसार फेरोमोन या स्टिकी ट्रैप का चयन करके फॉर्म सबमिट कर दें और पावती रसीद को सुरक्षित रख लें।
निष्कर्ष
फसलों को नुकसान पहुंचाने वाले कीटों से रक्षा करना और जहरीले कीटनाशकों के अंधाधुंध उपयोग पर रोक लगाना आज के समय की सबसे बड़ी जरूरत है। बिहार सरकार की 75 प्रतिशत सब्सिडी योजना न केवल खेती की लागत कम करने में मददगार साबित होगी बल्कि पर्यावरण और मिट्टी की सेहत भी दुरुस्त रखेगी। यदि आप भी अपनी फसलों को सुरक्षित रखकर मुनाफा बढ़ाना चाहते हैं तो बिना देर किए आधिकारिक पोर्टल पर जाकर समय रहते अपना आवेदन अवश्य पूरा करें।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
सवाल 1 पौधा संरक्षण उपादान वितरण योजना में कौन कौन से ट्रैप पर अनुदान मिल रहा है
जवाब- इस योजना के अंतर्गत मुख्य रूप से फेरोमोन ट्रैप स्टिकी ट्रैप और फ्रूट फ्लाई ट्रैप की खरीद पर किसानों को 75 प्रतिशत तक की सब्सिडी दी जा रही है।
सवाल 2 एक किसान अपनी कितनी कृषि भूमि के लिए इस सब्सिडी का लाभ उठा सकता है?
जवाब- सामान्य क्षेत्रों के किसान अधिकतम 5 एकड़ भूमि के लिए और टाल क्षेत्र के किसान अधिकतम 10 एकड़ भूमि तक के लिए इस योजना का लाभ ले सकते हैं।
सवाल 3 – योजना से जुड़ी किसी भी समस्या के समाधान के लिए किस नंबर पर संपर्क किया जा सकता है?
जवाब – किसान भाई किसी भी तकनीकी अथवा प्रक्रियात्मक जानकारी के लिए विभाग के टोल फ्री किसान हेल्पलाइन नंबर 1800 180 1551 पर सुबह 6 बजे से रात 10 बजे तक संपर्क कर सकते हैं।
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